Uttarakhand परीक्षा पथ:देहरादून भाग-2 Important notes

1
511

 


Uttarakhand परीक्षा पथ के इस अंक में आज जनपद देहरादून भाग -2 जारी किया गया है.पिछले भाग में देहरादून जिले की सामान्य जानकारी दी गयी  थी.चूंकि देहरादून की अपनी विशिष्ट पहचान रही है,इस जिले में कई ऐतिहासिक धरोहर हैं,कालसी ,चकरोता आदि कई महत्वपूर्ण स्थल हैं.जिनसे अक्सर प्रश्न पूछे जाते हैं.

Uttarakhand परीक्षा पथ :देहरादून एक नजर भाग-2

इस जनपद में कई प्रसिद्ध राष्ट्रीय उद्यान  और वन्य जीव विहार है.कई उच्च स्तरीय संस्थान और विभाग हैं.आगामी भर्ती exams के लिए इनको जानना जरूरी हो जाता है देखे–

 राष्ट्रीय उद्यान एवं वन्य जीव विहार:

 

राजाजी राष्ट्रीय उद्यान

 

◆ 1983 में 3 वन्य जीव अभ्यारण चिला  मोतीचूर एवं राजाजी राष्ट्रीय अभ्यारण से मिलकर राजाजी राष्ट्रीय उद्यान बनाया गया यह हाथियों के लिए प्रसिद्ध है। हाथियों के लिए प्रसिद्ध है

◆ राजाजी राष्ट्रीय उद्यान 3 जिलों देहरादून पौड़ी हरिद्वार में फैला है इसका क्षेत्रफल 820.4 वर्ग किमी 

यह राज्य का दूसरा सबसे बड़ा उद्यान है.

◆ इसका नाम स्वतंत्र भारत के प्रथम गवर्नर सी राजगोपालाचारी के नाम पर पड़ा जिसका मुख्यालय देहरादून में है इसे 2016 में राज्य का दूसरा टाइगर रिजर्व घोषित किया गया।

◆ यहां विभिन्न प्रकार की वनस्पतियों में साल, खैर, शीशम,खरपट, रोहणी, अमलतास आदि प्रमुख है।

 

मसूरी वन्य जीव विहार

 

◆ मसूरी वन्यजीव बिहार राज्य का सबसे छोटा वन्य जीव विहार है जिसका क्षेत्रफल 10 वर्ग किमी है

◆ इसकी स्थापना 1993 में हुई,

◆ यहां पाई जाने वाली प्रमुख वन्य जीव घूरल, काकड़, लंगूर, बंदर, भालू, गुलदार आदि है

◆ यह वन्य जीव विहार माउंटेन क्लेव ( पहाड़ी बटेर) के लिए प्रसिद्ध है,

 

आसन वेटलैंड संरक्षण आरक्षित

◆ इसकी स्थापना 2005 में देहरादून हुयी

◆ प्रवासी पक्षियों का आशियाना (ऐशगाह) जो अक्टूबर- मार्च माह में आती है

◆ उत्तराखंड की आद्रभूमि भूमि को रामसर साइट में 2020 में शामिल किया गया,

 

◆ राज्य का पहला चिड़ियाघर देहरादून जू है जिसका पुराना नाम मालसी डियर पार्क था

 

     जनपद के प्रमुख संस्थान एवं विभाग

 

भारतीय वन अनुसंधान संस्थान

 

देश के प्रथम वन विद्यालय की स्थापना 1878 में फॉरेस्ट स्कूल ऑफ देहरादून के नाम से हुई जिसके  गठन की सलाह डिट्रिच ब्रेंडिस ने दी थी और 1884 ई0 में इसका नाम बदलकर इंपीरियल फॉरेस्ट स्कूल रखा गया

1906 ई0  में अनुसंधान कार्य के साथ जोड़ते हुए इसका नाम इंपीरियल फॉरेस्ट रिसर्च इंस्टीट्यूट रखा और स्वतंत्रता प्राप्ति के बाद इसका नाम फॉरेस्ट रिसर्च इंस्टिट्यूट हो गया हो गया,

◆ 1951 ईस्वी में U.G.C ने F.R.I. को डीम्ड विश्वविद्यालय घोषित किया 2006 में F.R.I  ने प्लेटिनम जुबली मनाई,

◆ एफ आर आई भवन के मुख्य गेट का नाम ब्रेंडिस गेट  है,

 

भारतीय सर्वेक्षण विभाग

◆ 1767 इसकी स्थापना बंगाल में हुई,

सन 1942 में द्वितीय विश्वयुद्ध के दौरान इसे देहरादून में  स्थानांतरित किया गया,

◆ यह देश के प्रत्येक प्रकार की सर्वेक्षण और मानचित्र बनाने वाला एकमात्र अभिकरण है यहां कई प्रकार की सर्वेक्षण किए जाते हैं जैसे कि प्राणी विज्ञान सर्वेक्षण, वन सर्वेक्षण, भूगर्भ सर्वेक्षण और पुरातत्व सर्वेक्षण आदि

◆ इसके महा सर्वेक्षक एवरेस्ट ने 1852 में विश्व की सबसे ऊंची चोटी का प्रक्षेपण कर उसकी ऊंचाई 29,002 फिट घोषित की और उन्हीं के नाम पर उस चोटी का नाम एवरेस्ट हो गया

◆ भारत का प्रथम डाक टिकट 1854 में इसी विभाग ने जारी किया,

 

भारतीय सैन्य अकादमी(I.M.A.)

Uttarakhand परीक्षा पथ:IMA देहरादून
भारतीय सैन्य अकादमी

◆ भारतीय सैन्य अकादमी की स्थापना 1 अक्टूबर 1932 को सर फिलिप चैटवुडबर्ड ने  देहरादून में की,

◆I.M.A का आदर्श वाक्य वीरता और बुद्धि है

 

वाडिया इंस्टीट्यूट

वाडिया इंस्टीट्यूट ऑफ हिमालयन जियोलॉजी देहरादून में भूगर्भ विज्ञान से संबंधित है

◆ इस संस्थान की  स्थापना 1968 में दिल्ली में डी.एन. वाडिया द्वारा की गई

◆ 1976 में इसे देहरादून स्थानांतरित किया गया,

 

 ◆ देहरादून वन संग्रहालय

◆ यह राज्य का सबसे पुराना संग्रहालय है जिसकी स्थापना वन अनुसंधान केंद्र देहरादून में 1914 में की गई थी

 

जिले के अन्य संस्थान एवं विभाग

 

◆ उत्तराखंड भाषा संस्थान की स्थापना 24 फरवरी 2010 में देहरादून में की गई

 

◆ हिंदी अकादमी की स्थापना 2009 में देहरादून में हुई 2011 से उत्तराखंड हिंदी अकादमी के आगे पीतांबर दत्त बड़थ्वाल नाम जोड़ा गया

 

पीतांबर दत्त बड़थ्वाल हिंदी विषय में डाक्ट्रेट करने वाली राज्य के प्रथम व्यक्ति थे

 

उत्तराखंड फिल्म विकास परिषद का कार्यालय देहरादून में 2016 से शुरू हुआ

 

उत्तराखंड अधीनस्थ सेवा चयन आयोग की स्थापना 17 सितंबर 2014 को देहरादून में की गई

 

◆ आयल एंड नेचुरल गैस कॉरपोरेशन (ONGC)की स्थापना 1956 में देहरादून में की थी

 

भारतीय खान ब्यूरो देहरादून में स्थित है

 

उत्तराखंड राज्य सूचना आयोग का गठन 3 अक्टूबर 2005 में देहरादून में किया गया

 

इंदिरा गांधी राष्ट्रीय वन अकादमी की स्थापना 1938 में देहरादून में की गयी,

 

जनपद में खनिज संपदा

 

देहरादून में कालसी के पास उत्तम किस्म के चूना पत्थर के भंडार मिलते हैं

 

संगमरमर मुख्य रूप से देहरादून में मिलता है

 

◆ टोंस नदी क्षेत्र से सीसा व गंधक सहस्त्र धारा प्रपात के जल में पाए जाता है

 

प्रमुख परियोजना

 

ग्लोगी जल विद्युत परियोजना

 

यह उत्तर भारत की प्रथम जल विद्युत परियोजना है जो मसूरी में है 

◆ इसकी स्थापना 1909 में की थी

◆ 1912 से इसमें जल विद्युत का उत्पादन हुआ

 

ढलीपुर परियोजना

 

1965-70 यमुना नदी पर 51 मेगावाट की यह परियोजना देहरादून जिले में है

 

ढकरानी परियोजना

◆ 1965 में 33 मेगावाट की यह  परियोजना देहरादून में यमुना नदी पर है

 

लखवाड़ बांध

 

◆  यह बांध यमुना नदी पर 204 मीटर ऊंचा है

◆ बाँध बनाने को स्वीकृति 1976 में योजना आयोग ने दी 1987 में बांध का निर्माण कार्य शुरू हुआ।

2008 में इसे केंद्र सरकार द्वारा राष्ट्रीय परियोजना घोषित किया गया

 

इचारी बांध

◆ यह बांध डाकपत्थर टोंस नदी में बना हुआ है इसका पानी छिबरो पवार स्टेशन एवं खोदरी पावर स्टेशन तक जाता है

 

छिबरो परियोजना- 240 मेगावाट की यह परियोजना टोंस नदी पर है

 

◆खोदरी परियोजना 1984 में यमुना नदी पर 120 मेगावाट की है

 

कीशौ या किशाऊ बाँध

◆  टोंस नदी पर 600 मेगावाट की परियोजना है

◆ इस बांध से हरियाणा, राजस्थान,उत्तर प्रदेश, दिल्ली उत्तराखंड को सिंचाई के लिए पानी मिलेगा

◆ 2016 में राष्ट्रीय परियोजना घोषित किया गया

 

                 

उरेडा- इसका पूरा नाम उत्तराखंड रिन्यूएबल एनर्जी डेवलपमेंट एजेंसी है 

उरेडा की स्थापना जुलाई 2001 हुयी

◆ उरेडा स्ट्रीट लाइट एवं सोलर लालटेन को दूरदराज गांव में पहुंचाने का काम करता है,

 

1 COMMENT

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here